दुर्ग, छत्तीसगढ़। एक दिल दहला देने वाली घटना में 34 वर्षीय स्कूल स्वीपर डोमन लाल देशलहरे ने कथित तौर पर आत्महत्या कर ली। सबसे मार्मिक पहलू यह है कि उनके पार्थिव शरीर को मुखाग्नि दी उनकी मात्र चार वर्षीय मासूम बेटी ने। घटना के पीछे पारिवारिक कलह और मानसिक तनाव का हाथ माना जा रहा है, हालांकि पुलिस अभी जांच में जुटी हुई है।
यह घटना दुर्ग जिले के अंडा थाना अंतर्गत ग्राम जंजगिरी में घटी। डोमन लाल, जो एक स्थानीय स्कूल में अंशकालिक स्वीपर के रूप में कार्यरत थे, स्कूल के अतिरिक्त कक्ष में बच्चों के खेलने वाली रस्सी से फंदा बनाकर लटक गए। सुबह स्कूल पहुंचे सहकर्मियों ने उन्हें अचेत अवस्था में पाया और तत्काल अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में फांसी का कारण स्पष्ट रूप से आत्महत्या ही पाया गया, लेकिन सटीक वजह अभी अज्ञात बनी हुई है।
डोमन लाल के पिता कमल देशलहरे ने बताया कि उनका बेटा इकलौता संतान था और परिवार का सहारा। कुछ दिनों से वह अपनी पत्नी से अलगाव के कारण मानसिक रूप से परेशान चल रहा था। “वह अक्सर उदास रहता था, लेकिन हमें कभी अंदाजा नहीं हुआ कि वह इस कदर टूट चुका है,” कमल देशलहरे ने आंसू भरी आंखों से कहा। परिवार के अनुसार, घरेलु विवादों के कारण पति-पत्नी कुछ समय से अलग-अलग रह रहे थे, जिससे डोमन लाल पर भावनात्मक दबाव बढ़ता जा रहा था।
पुलिस ने मौके पर पहुंचकर प्राथमिक जांच शुरू कर दी है। अंडा थाना पुलिस ने बताया कि हर पहलू की गहन जांच की जा रही है। कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है, लेकिन परिजनों के बयानों और आसपास के सीसीटीवी फुटेज की पड़ताल की जा रही है। स्थानीय थाने में अज्ञात कारणों से आत्महत्या का मामला दर्ज कर लिया गया है।
इस घटना ने इलाके में सनसनी फैला दी है। पड़ोसियों का कहना है कि डोमन लाल शांत स्वभाव का इंसान था और अपनी बेटी से बेहद प्यार करता था। सामाजिक कार्यकर्ताओं ने पारिवारिक विवादों के कारण बढ़ती आत्महत्याओं पर चिंता जताई है और जागरूकता अभियान चलाने की मांग की है।







