निकुम/अर्जुन्दा। अर्जुन्दा थाना क्षेत्र के ग्राम मोहंदीपाठ स्थित शराब दुकान के आसपास सड़क किनारे संचालित हो रहे कथित अवैध चखना सेंटरों में खुलेआम शराब सेवन किए जाने का मामला एक बार फिर चर्चा में है। स्थानीय ग्रामीणों का आरोप है कि आबकारी विभाग के नियमों के विपरीत संचालित इन सेंटरों पर दिनभर लोगों की भीड़ लगी रहती है, जिससे क्षेत्र का सामाजिक वातावरण प्रभावित हो रहा है।

ग्रामीणों के अनुसार शराब दुकान के आसपास कई स्थानों पर लोग खुलेआम बैठकर शराब का सेवन करते हैं। इसके कारण पानी के पाउच, प्लास्टिक की बोतलें, डिस्पोजल प्लेटें, गिलास एवं अन्य कचरा सड़क किनारे बिखरा रहता है, जिससे स्वच्छता व्यवस्था भी प्रभावित हो रही है। शराब सेवन के बाद कुछ लोगों द्वारा शोर-शराबा और अभद्र व्यवहार किए जाने की शिकायत भी सामने आई है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि यह मार्ग मोहंदीपाठ, माहुद और बघेली सहित आसपास के गांवों को जोड़ता है। इसी मार्ग से प्रतिदिन स्कूली छात्र-छात्राएं तथा महिलाएं आवागमन करती हैं। शराबखोरी के कारण उन्हें असहज स्थिति का सामना करना पड़ता है। तिराहा क्षेत्र होने के कारण राहगीरों और आसपास के दुकानदारों को भी परेशानी उठानी पड़ रही है।
ग्रामीणों का कहना है कि उन्होंने पूर्व में भी संबंधित विभाग से अवैध चखना सेंटरों पर कार्रवाई की मांग की थी, लेकिन अब तक प्रभावी कार्रवाई नहीं होने से लोगों में नाराजगी है। उनका कहना है कि यदि समय रहते सख्ती नहीं बरती गई तो क्षेत्र का सामाजिक माहौल और अधिक प्रभावित हो सकता है।
इस संबंध में अर्जुन्दा थाना प्रभारी सुश्री इंद्रा वैष्णव ने बताया कि पुलिस द्वारा नियमित गश्त की जाती है तथा सार्वजनिक स्थानों पर शराब सेवन करने वालों के विरुद्ध समय-समय पर कार्रवाई भी की जाती है।
वहीं बघेली के सरपंच रामेश्वर साहू ने बताया कि इस संबंध में आबकारी विभाग के अधिकारियों को शिकायत की जा चुकी है। उनका कहना है कि छिटपुट कार्रवाई होने के कारण खुलेआम शराब पीने वालों के हौसले कम नहीं हो रहे हैं। उन्होंने संबंधित विभाग से नियमित अभियान चलाकर अवैध चखना सेंटरों और सार्वजनिक स्थानों पर शराब सेवन करने वालों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की मांग की है।








